UK यूनिवर्सिटीज़ द्वारा कोरोना महामारी के काल मे भारतीय विद्यार्थियो के लिए बढ़ाया गया मदद का हाथ



ब्रिटेन के विश्वविद्यालयों ने कोरोना के कारण परेशान चल रहे भारतीय विद्यार्थियों को सहायता प्रदान करने की बात कही हैं तथा अगर उन्हें किसी भी तरह की परेशानी हो तो उनसे साझा करने की बात कह कर संपर्क में रहने के लिए कहा गया हैं। सोमवार को भारतीय सरकार इस बात की घोषणा की थी कि विदेश में फंसे लोगो को 7 मई से लाने का कार्य भारतीय विमान शुरू कर देंगे।

सिविल एविएशन मिनिस्टर, हर्षदीप सिंह पूरी ने बातचीत के दौरान बताया कि एयर इंडिया लगभग 64 विमानों को चलाया जाएगा जिनके द्वारा विभिन्न देशो में फंसे लगभग 15,000 भारतीयों को उनके वतन वापस लाया जाएगा जो कि कोविड-19 की वजह से लगे लॉकडाउन मे काफी लंबे समय से फँसे हुए थे।

यूके विश्वविद्यालयो के निर्देशक विविएन स्टर्न ने कहा,”हम जानते हैं कि कई भारतीय छात्र पैसे और आवास के बारे में चिंतित हैं, अपने परिवारों को याद कर रहे हैं और इस वैश्विक महामारी के दौरान घर से दूर होने के से काफी व्यथित हैं।  उन छात्रों के लिए मेरा संदेश है: कृपया, अपने विश्वविद्यालय से बात करें, ” । 

अपनी बात रखते हर उन्होंने इस बात की ओर भी ध्यान दिलाया कि  “हम सब कुछ ठीक करने में सक्षम नहीं हो सकते हैं, लेकिन कुछ ऐसे लोग हैं जो आपके लिए चीजों को आसान बनाने के लिए सब कुछ करेंगे। विश्वविद्यालय धन, भोजन, आवास और सलाह और मार्गदर्शन के रूप में सहायता प्रदान कर रहे हैं।  यह हम सबका संघर्ष हैं एवं हम साथ हैं, कृपया अकेले संघर्ष न करें ।”

ब्रिटेन के विश्वविद्यालयों द्वारा दिए गए समर्थन में छात्रों को भोजन पहुंचाना, छात्रों को वित्तीय कठिनाई में कठिनाई के लिए धन उपलब्ध कराना, आवास शुल्क माफ करना या अंतरराष्ट्रीय छात्रों को आवास में स्थानांतरित करना शामिल है जहां वे सफाई, सुरक्षा और खानपान प्रदान करके उनकी देखभाल कर सकते हैं। विश्वविद्यालय मानसिक स्वास्थ्य सहायता भी प्रदान कर रहे हैं।

बर्मिंघम सिटी यूनिवर्सिटी (बीसीयू) में एक भारतीय छात्र जसप्रीत सिंह ने अपने साथी बीसीयू छात्रों के लिए कुछ सलाह दी: “मुझे पता है कि एक अंतरराष्ट्रीय छात्र होने के नाते हमारे माता-पिता कितने चिंतित हैं। मैं उन्हें नियमित अपडेट भेजता हूं और कहता हूं कि मैं यहां सुरक्षित हूं।  सुनिश्चित करें कि आप इस अद्भुत समर्थन टीम के साथ संपर्क में रहे तथा उनका उपयोग करते हैं। “

यूके होम ऑफिस ने इस बात की पुष्टि की थी कि किसी भी विदेशी छात्रों के वीज़ा जो समाप्त हो गए थे या समाप्त होने वाले हैं , उन्हें कम से कम 31 मई तक बढ़ा दिया जाएगा। केरल, तमिलनाडु, तेलंगाना, महाराष्ट्र सहित भारत के विभिन्न हिस्सों से कई फंसे हुए छात्रों ने इस बात पर खुशी व्यक्त की लेकिन उनके पास बचे सीमित संसाधनों के बारे में वे चिंतित हैं।भारत सरकार द्वारा आयोजित प्रारंभिक सात एयर इंडिया उड़ानों में से एक पर टिकट की कीमत लगभग 50,000 रुपये है, जो भारत में उतरने पर यात्री द्वारा वहन किए जानी कुछ मुश्किल हैं तथा एक चिंता का विषय बन गयी हैं। 

 

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